उत्तराखंड: स्वाइन फ्लू ने बढ़ाई चिंता, हर घंटे एक से ज्यादा मरीज संक्रमित; रोजाना औसतन 32 नए मामले !

उत्तराखंड: स्वाइन फ्लू ने बढ़ाई चिंता, हर घंटे एक से ज्यादा मरीज संक्रमित; रोजाना औसतन 32 नए मामले !
Share This News:

स्वास्थ्य विभाग की निगरानी और रैपिड रिस्पॉन्स टीमों की सक्रियता के बावजूद प्रदेश में संक्रमण की रफ्तार थमती नजर नहीं आ रही है। अगस्त की तुलना में सितंबर में मामलों में तेज उछाल आया है और कई संक्रमित मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

उत्तराखंड में स्वाइन फ्लू (इंफ्लुएंजा एच1एन1) के मामलों में लगातार दर्ज की जा रही बढ़ोतरी चिंता पैदा करने लगी है। बृहस्पतिवार को 24 घंटे में 24 मरीजों में संक्रमण की पुष्टि हुई है। सिंतबर महीने में स्वाइन फ्लू के मामलों में एकाएक बढ़ोतरी देखी गई है। एक सितंबर से अब मरीजों का प्रतिदिन के हिसाब से औसत 32 दर्ज किया गया है। यानी हर घंटे कम से कम एक मरीज संक्रमण की चपेट में आ रहा है।

प्रदेश में अगस्त से अब तक 557 मरीजों में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हो चुकी है। इससे संक्रमित पांच लोगों की मौत भी हुई है। स्वास्थ्य विभाग ने पांच में से दो लोगों के मौत का कारण सिर्फ स्वाइन फ्लू को बताया था। सितंबर महीने में एकाएक स्वाइन फ्लू के मामलों में बढ़ोतरी देखने को मिली है।

जिस तरह से पूरे अगस्त महीने में सिर्फ 105 मरीज ही सामने आए थे वहीं सितंबर में 17 दिनों में ही 452 मरीजों में संक्रमण की पुष्टि हो गई। इसकी चेन को ब्रेक करना स्वास्थ्य विभाग के लिए भी चुनौती साबित हो रहा है। विभाग की ओर से कई रैपिड रिस्पॉन्स की टीमों को ग्राउंड जीरो पर उतारा गया है। लेकिन मामले लगातार बढ़ रहे हैं।

को-मॉर्बिड स्थिति वाले मरीज अधिक संवेदनशील
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज कुमार शर्मा ने बताया कि स्वाइन फ्लू के अब तक सामने आए मरीजों में अधिकतर को-मॉर्बिड स्थिति से जूझ रहे हैं। यानी ऐसे मरीज जो पहले से ही किसी दूसरी बीमारी से जूझ रहे थे। अस्पताल में भर्ती होने के बाद उनकी स्वाइन फ्लू की जांच की गई तो उनमें संक्रमण की पुष्टि हो गई। स्वास्थ्य विभाग इन मरीजों पर विशेष ध्यान रख रहा है। इन मरीजों की लगातार जांच की जा रही है। साथ ही चिकित्सकीय निगरानी भी तेज कर दी गई है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *