Udham Singh Nagar News: विक्रांत की बढ़ती लोकप्रियता बनी जानलेवा, रंजिश में आरोपियों ने उतारा मौत के घाट !

Udham Singh Nagar News: विक्रांत की बढ़ती लोकप्रियता बनी जानलेवा, रंजिश में आरोपियों ने उतारा मौत के घाट !
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रुद्रपुर। सोशल मीडिया की दमक के पीछे एक खौफनाक सच्चाई छीपी है। आज के समय लोग दूसरों की बढ़ती लोकप्रियता और जलन के कारण अपराधी बन रहे हैं। रुद्रपुर में भी कुछ ऐसा ही हुआ है। आरोप है कि विक्रांत गो सेवा के कारण लोकप्रिय हो रहा था और इसी से खफा होकर आरोपी उससे झगड़ा करते थे।

विक्रांत के दोस्तों का आरोप है कि लंबे समय से उनके बीच में ऑनलाइन पोस्ट और कमेंट के माध्यम से विवाद चल रहा था। विक्रांत के पिता ऑटो चलाकर अपने परिवार का भरण पोषण करते थे। परिजनों का कहना है कि विक्रांत मिलनसार स्वभाव का था और गो सेवा के कारण उसकी अच्छी पहचान बन गई थी। सोशल मीडिया पर उसके हजारों समर्थक थे जिससे कुछ लोगों में नाराजगी बढ़ती चली गई। मृतक के दोस्तों का दावा है कि करीब पांच महीने पहले भी रुद्रपुर के रामलीला मैदान के पास दोनों पक्षों के बीच विवाद हुआ था। उस समय भी कहासुनी और मारपीट हुई थी लेकिन मामला शांत हो गया।

पहले गोली मारी फिर चप्पल से पिटाई : दोस्त
विक्रांत के एक करीबी दोस्त ने दावा किया कि हमलावरों ने पहले उस पर गोली चलाई। गोली लगने के बाद जब वह सड़क पर गिर पड़ा तो भी आरोपी नहीं रुके और कथित तौर पर चप्पलों से उसकी पिटाई की। दोस्त के अनुसार, हमलावरों ने पूरी वारदात को बेहद बेरहमी से अंजाम दिया और मौके से फरार हो गए।
उठ जा बेटा…आंखों में आंसू लेकर बेटे का पुकारती मां
सुशीला तिवारी अस्पताल से बेटे का शव घर पहुंचते ही माहौल गमगीन हो गया। मां बेटे के शव से लिपटकर बार-बार बिलखती रहीं और कहती हुई नजर आईं कि उनके बेटे को क्यों मारा… उठ जा बेटा। उनकी चीख-पुकार सुनकर आसपास मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं।

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दो आरोपी दबोचे, मुख्य आरोपी अस्पताल में भर्ती
पुलिस के अनुसार, मामले में नामजद दो आरोपी वरुण कुमार निवासी रामेश्वरपुर किच्छा, सुशील निवासी शिमला पिस्तौर रुद्रपुर को गिरफ्तार कर लिया और मुख्य आरोपी बंटी ठाकुर घायल है जिसका इलाज चल रहा है।

नेपाल भागने की फिराक में थे आरोपी
पुलिस के अनुसार, मामले में नामजद अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है। जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी हत्या के बाद नेपाल भागने की फिराक में थे। इससे पहले ही उन्हें दबोच लिया गया।

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